झांसी न्यूज डेस्क: सितंबर में मौसम ने करवट लेना शुरू कर दिया है। सोमवार सुबह झांसी शहर के साथ ग्रामीण इलाकों में भी धुंध छाई नजर आई। झांसी-खजुराहो हाईवे के पास लोहारी समेत कई जगह सुबह के समय धुंध की चादर दिखाई दी। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, बारिश रुकने के बाद तापमान बढ़ने से वातावरण में मौजूद नमी भाप के रूप में फैल गई, जिसके चलते सुबह धुंध जैसी स्थिति बनी।
पिछले तीन-चार दिनों से बारिश नहीं हुई है और मानसून की वापसी के बीच तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। सोमवार को झांसी का अधिकतम तापमान 33.6 डिग्री सेल्सियस रहा। रविवार रात से ही वातावरण में हल्की धुंध महसूस होने लगी थी, जो सोमवार सुबह शहर के अलावा आसपास के ग्रामीण इलाकों में भी दिखाई दी। सितंबर के मध्य में इस तरह धुंध छाना आम मौसम के मुकाबले थोड़ा अलग माना जा रहा है।
कृषि विज्ञान केंद्र भरारी के मौसम वैज्ञानिक डॉ. आदित्य कुमार सिंह के अनुसार, अभी बारिश का दौर पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। बारिश रुकने के बाद तापमान बढ़ने पर हवा में मौजूद नमी भाप के रूप में ऊपर उठती है और फैल जाती है। इसी वजह से सुबह के वक्त धुंध जैसी स्थिति बन सकती है। सोमवार सुबह भी इसी प्रक्रिया के कारण कई इलाकों में धुंध देखने को मिली।
उधर, पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी शुरू होने से मैदानी क्षेत्रों में भी जल्द ठंड बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं। मौसम वैज्ञानिक के मुताबिक आमतौर पर पहाड़ों पर बर्फबारी अक्टूबर के मध्य के आसपास शुरू होती है और नवंबर के पहले सप्ताह से मैदानी इलाकों में ठंड महसूस होने लगती है। अगर इस बार बर्फबारी लगातार जारी रही तो झांसी में अगले 15 से 20 दिनों में ठंड का असर बढ़ सकता है। हालांकि, पहाड़ों पर बर्फबारी रुकने पर ठंड की शुरुआत आगे भी खिसक सकती है।