झांसी न्यूज डेस्क: झांसी के एरच रेलवे स्टेशन पर मंगलवार शाम एक अजीबोगरीब घटना घटी, जब ट्रेन से गिरकर घायल हुए युवक ने दो घंटे तक हाई-वोल्टेज ड्रामा किया। बिहार के गोपालगंज निवासी राजू पांडे झांसी की ओर जा रहा था, लेकिन स्टेशन पर ट्रेन रुकने से पहले ही उतरने की कोशिश में गिरकर घायल हो गया। सिर से खून बहता देख लोग उसे अस्पताल ले जाना चाहते थे, मगर वह घबरा गया और दौड़कर प्लेटफार्म के फुट ओवरब्रिज पर चढ़ गया। इसके बाद उसने जान जोखिम में डालते हुए ब्रिज के नीचे गाटर पर जाकर बैठने का खतरनाक कदम उठा लिया।
घटना की सूचना मिलते ही स्टेशन मास्टर चंद्रशेखर राजपूत और आरपीएफ चौकी प्रभारी जेपी यादव मौके पर पहुंचे। उन्होंने राजू को समझाने की पूरी कोशिश की, लेकिन वह नीचे उतरने को तैयार नहीं हुआ। हालात बिगड़ते देख रेलवे अधिकारियों ने उच्चाधिकारियों को जानकारी दी और टॉवर बैगन को बुलाया। आखिरकार, सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रेलवे ने ओएचई (बिजली) लाइन को बंद करवाया, जिससे कोई बड़ा हादसा न हो।
बिजली सप्लाई बंद होते ही बचाव दल ने राजू को सुरक्षित नीचे उतारकर मोंठ सीएचसी अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने उसकी हालत स्थिर बताई और प्राथमिक उपचार के बाद उसे निगरानी में रखा गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, युवक मानसिक रूप से अस्थिर लग रहा था, इसलिए पुलिस ने उसके परिवार वालों को सूचित कर दिया।
आरपीएफ प्रभारी जेपी यादव ने बताया कि राजू के परिजन झांसी के लिए रवाना हो चुके हैं। इस घटना ने रेलवे सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि प्लेटफार्म और रेलवे ट्रैक के बीच सुरक्षा उपायों की कमी अक्सर ऐसे हादसों की वजह बनती है। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि चलती ट्रेन से उतरने की कोशिश न करें और यात्रा के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन करें।